दूसरी बरसात में बह गई सीसी रोड , मामला ग्राम पंचायत नयागांव का
सलेहा न्यूज :-ग्राम पंचायत नयागांव के कटरा हनुमान मोहल्ला की सीसी रोड का घटिया निर्माण हुआ था इसलिए दूसरी बरसात शुरू होते ही सीसी रोड बह गई जगह-जगह गिट्टी उखड़ी पड़ी हुई है और गड्ढे हो चुके जैसा कि घटिया सीसी निर्माण होते समय दैनिक नव स्वदेश पत्र के माध्यम से समाचार प्रकाशित किया गया था मगर जिला एवं जनपद के अधिकारियों द्वारा नजर अंदाज कर दिया गया था जैसा कि बनते समय जिले व जनपद के जवाबदार अधिकारियों द्वारा सीसी रोड की गुणवत्ता की जांच हुई होती तो उसी सी सी सड़क मजबूती से निर्माण किया जाता जिससे सीसी रोड की मजबूती कम से कम 4से 5 सालों तक टिकी रह सकती थी बावजूद इसके सरपंच सचिव की लापरवाही से हर काम घटिया शाबित हो रहे हैं जैसे मेड़ बंधान हो , जल कूप निर्माण हो , बिल्डिंग निर्माण हो सभी में कालाबाजारी शाबित हो रही है और काम कहीं भी किसी प्रकार का चालू है ग्राम पंचायत अंतर्गत का सरपंच के घर में सबसे पहले निर्माण चालू हो जाता है सभी जगह का हिस्सा काटकर सरपंच के घर में सामान पहुंचता है और घर का निर्माण चालू हो जाता सरपंच अरविंद गौतम की घोर लापरवाहियां सामने आ रही कटरा हनुमान मोहल्ला के चौधरी समाज के लोगों ने नाम न बताने की शर्त में कई सारी कमियां बताते हुए सरपंच , रोजगार सहायक पर आरोप लगाते हुए ठगा सा महसूस कर रहे एवं इन दिनों जनपद पंचायत गुनौर अंतर्गत हर ग्राम पंचायतों के सरपंच द्वारा सिर्फ व सिर्फ आमदनी का जरिया ढूंढा जा रहा है और काम के नाम पर ठेंगा दिखाया जा रहा है जैसे एक कहावत लागू होती है कि अंधेर नगरी चौपट राजा , जिसकी लाठी उसकी भैंस । मजदूरी के नाम पर ग्राम पंचायतों में मजदूरों को जरा भी काम ढूंढे नहीं मिलता जिससे सैकड़ों मजदूर प्रतिदिन पलायन कर रहे हैं कई गांव में देखा जा रहा है मोहल्ले के मोहल्ले तालाबंदी है जिला पंचायत सिओ को चाहिए की ग्राम पंचायतों में दौड़ाकर ग्राम पंचायतों अंतर्गत हर काम की गुणवत्ता जांच की जाए जिससे क्षेत्र की जनता को संतुष्टि हो सके और ग्राम के कामों में मजबूती हो और जिस ग्राम पंचायत के रोजगार सहायक व सचिव के काम में लापरवाही पाई जाए उन्हें तत्काल स्थानांतरित किया जाए जैसे ग्राम पंचायत नयागांव में पीएम आवास घोटाला जनपद सीईओ शिखा भलावी जिला पंचायत सीईओ गिरीश मिश्रा के समय घोटाला साबित हुआ था और जांच में पीएम आवास प्रभारी एसके मिश्रा द्वारा जांच की गई थी जिसकी वसूली भी की गई थी।